गौरव तिवारी
लालगंज-प्रतापगढ़। केन्द्रीय कांग्रेस वर्किग कमेटी के सदस्य एवं यूपी आउटरीच एण्ड को-आर्डिनेशन कमेटी के प्रभारी प्रमोद तिवारी ने बढ़ती मंहगाई की लगातार भयावह स्थिति को अत्यन्त चिन्ताजनक करार दिया है।
वहीं सीडब्ल्यूसी मेंबर प्रमोद तिवारी ने मोदी सरकार पर तगड़ा तंज कसा कि सरकार ने आम आदमी की सुविधा के क्षेत्र मे भी जले पर एक और नमक छिड़कते हुए सहालग के मौसम में कार्मिशियल सिलेण्डर के भी दामों में एक सौ दो रूपये की रिकार्ड मंहगाई का तोहफा दिया है।
श्री तिवारी के मुताबिक थोक मंहगाई से घरेलू गृहस्थी से जुडे़ रोजमर्रा के जरूरी खाद्य पदार्थो तक की कीमत ऊंची दरों पर आ गयी है।
दूसरी ओर उन्होनें डीजल व पेट्रोल की आसमान छू रही कीमतों को नियंत्रित न कर पाने में केन्द्र सरकार पर जनता के हितों से बेखबर पूंजीपतियों के लिए मुनाफाखोरी का दरवाजा खोले रहने के लिए गैरजिम्मेदार करार दिया है।
सोमवार को कैम्प कार्यालय पर मीडिया से वार्ता के दौरान प्रमोद तिवारी ने कहा कि मंहगाई ने जनता की कमर तोड़कर रख दी है।
वहीं इसके ठीक विपरीत मोदी सरकार ने जबरिया जीएसटी कानून थोपकर सिर्फ जीएसटी से ही माह भर में 1.68 लाख करोड़ के खुद के मुनाफे से अपनी झोली भर रही है।
उन्होनें उत्तर प्रदेश मे भी बिजली संकट के साथ मंहगाई का राष्ट्रीय औसत लगातार बढ़ने को भी बीजेपी का जनता के साथ जनादेश के नाम पर ताजा छलावा करार दिया है।
श्री तिवारी ने सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के जारी ताजा आंकडो का जिक्र करते हुए कहा कि यह चिन्ताजनक है कि प्रदेश में ग्रामीण क्षेत्रों में मंहगाई का औसत सबसे ज्यादा है।
उन्होंने सब्जियों तथा तेल व घी के दामों में मंहगाई की मार को आम आदमी की रसोई के लिए अच्छे दिन की जगह मुश्किल भरे दिनों की वापसी कहा है।
सीडब्ल्यूसी मेंबर प्रमोद तिवारी ने बिजली संकट के बद से बदतर हालात के लिए भी केन्द्र सरकार की अदूरदर्शिता को ही जिम्मेदार ठहराया है।
उन्होंने कहा कि देश का समूचा विपक्ष संसद के पिछले सत्र में भीषण गर्मी के अनुमान को देखते हुए बिजली के अतिरिक्त प्रबंधन पर सरकार का ध्यान आकृष्ट किये हुए था।
श्री तिवारी ने चुटीलें अंदाज मे कहा कि बावजूद इसके तब केन्द्रीय बिजली मंत्री ने मार्च में संसद मंे पर्याप्त बिजली के प्रबन्धन का झूठा दावा पेश किया था। श्री तिवारी ने कहा कि देश में कोयले का भण्डारण दुनिया मे सबसे अधिक है।
इसके बावजूद यह जांच का विषय है कि कोयले के कृत्रिम संकट के नाम पर सरकारी क्षेत्र की तरफ से बिजली आपूर्ति को लेकर नीतिगत प्रबधंन कहां से विफल हुआ।
श्री तिवारी ने कहा कि देश में मंहगाई के चलते आर्थिक संकट की चुनौती का सामना करने के बजाय प्रधानमंत्री राज्यों को ही उपदेश देने की फर्ज अदायगी मे लगे हुये हैं।
इसके बाद प्रमोद तिवारी ने नगर स्थित राम अंजोर मिश्र इण्टर कालेज में समाजसेविका एवं पूर्व प्रधानाचार्या रेणुका पाण्डेय की स्मृति मे आयोजित कार्यक्रम मे शामिल हुये।
कार्यक्रम का संयोजन पूर्व प्राचार्य दयाशंकर पाण्डेय ने किया। वहीं प्रमोद तिवारी ने सांगीपुर क्षेत्र के पचखरा, शाहबरी, कटेहटी, भैंसना, कस्बा लतीफपुर आदि जगहों पर भी आयोजित कार्यक्रमों मे शामिल हुये।
इस मौके पर सांगीपुर प्रमुख अशोक सिंह, प्रतिनिधि भगवती प्रसाद तिवारी, मीडिया प्रभारी ज्ञानप्रकाश शुक्ल, चेयरपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी, जिपंस अरविंद सिंह, आशीष उपाध्याय, भुवनेश्वर शुक्ल, सुधाकर पाण्डेय, दृगपाल यादव, लालजी यादव, इं. सुनील पाण्डेय, पवन शुक्ल, डा. अमिताभ शुक्ल, रामबोध शुक्ल, डा. वीरेन्द्र मिश्र, छोटे लाल सरोज, पप्पू तिवारी, श्रीकांत मिश्र, केडी मिश्र, त्रिभु तिवारी आदि रहे।
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